जिला कलेक्टर ने की विकास योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
जोधपुर। जिला कलेक्टर इन्द्रजीत सिंह ने कहा कि विकास अधिकारी उनके ब्लॅाक के पंचायतों में चल रही विभिन्न योजनाओं को फील्ड में जाकर समय-समय पर देखें व जहां कहीं गलत लगे कार्यवाही करना भी सुनिश्चित करावें।
जिला कलक्टर जिला कलेक्ट्रेट सभागार में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज की विभिन्न योजनाओं की समीक्षा बैठक ले रहे थे। बैठक में सभी पंचायत समितियों के विकास अधिकारी उपस्थित थे। जिला कलक्टर ने एक-एक योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि विकास अधिकारी की जिम्मेदारी बनती है कि वह अपनी पंचायत समिति में विभिन्न योजनाओं को सही तरह से लागू करें व उनको आवंटित लक्ष्यों को समय पर प्राप्त करें। उन्होंने कहा कि जिले को ग्रामीण विकास व पंचायती राज की योजनाओं में ऊपर लाने की जिम्मेदारी विकास अधिकारियों की होती है। उन्होंने कहा कि जहंा भी कार्य चलते है उनको मौके पर जाकर देखें, उनकी गुणवता को देखे और कहीं लगे कि कार्य में गुणवता की पालना नहीं हो रही है तो, कार्यवाही करने में कोताही नहीं बरते।
उन्होंने कहा कि सभी ब्लॅाक में कार्य अच्छे हो, समय पर कार्य स्वीकृत हो, समय पर पूर्ण हो व कार्य पूर्ण होने के बाद समय पर कार्य पूर्ण की रिपोर्ट भी भेजें। उन्होंने कहा कि पूरी टीम अच्छा परिणाम देवें। जिन योजनाओं में लक्ष्य प्राप्ति से दूर है उन पर विशेष फोकस करें। उन्होंने कहा कि यदि विकास अधिकारी जानकारी होने के बाद भी कार्यवाही नहीं करते है तो उनके विरूद्ध कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि विकास अधिकारी अपने कार्यालय की गतिविधियों पर भी पूरी निगरानी व जानकारी रखें। उन्होंने कहा कि विकास अधिकारी के पास ब्लाक के पॅावर होते है उसका सही उपयोग करें व अपनी जिम्मेदारी का पूरी तरह निर्वहन करें।
जिला कलक्टर ने बैठक में महात्मा गांधी नरेगा योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि नरेगा में लेबर के लक्ष्य दिए गए है उसके अनुसार लेबर लगाये। उनका समय पर भुगतान सुनिश्चित करे। जिला कलक्टर ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना में जो कार्य स्वीकृत है उन्हें समय पर पूर्ण करावें। उन्होंने कहा कि 2020-21 व 2021-22 में आवंटित लक्ष्यों के अनुसार स्थायी वरियता सूची के सभी पात्र परिवारों की स्वीकृति जारी करें।
जिला कलक्टर ने कहा कि पंचायती राज संस्थाओं की निजी आय में वृद्धि के प्रयास करें। उन्होंनें ई पंचायत व ई ग्राम पोर्टल, नव सृजित पंचायत समितियों, ग्राम पंचायत भवन निर्माण व अम्बेडकर भवन के लिए भूमि आवंटन की प्रगति व भवन निर्माण की समीक्षा की। उन्होंने ग्रामीण स्वच्छ भारत मिशन की प्रगति की भी समीक्षा की। जिला कलक्टर ने सांसद व विधायक स्थानीय क्षेत्र विकास कार्यो की समीक्षा करते हुए इनकी स्वीकृतियंा समय पर जारी करने व समय पर कार्य पूर्ण कराने को कहा। उन्होंने बकाया उपयोगिता प्रमाण पत्र जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने जलग्रहण एवं भू संरक्षण के तहत राजीव गांधी जल संचय योजना की भी प्रगति की जानकारी ली।
मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद डा0 इन्द्रजीत यादन ने पंचायत राज व ग्रामीण विकास की विभिन्न योजनाओं की प्रगति की जानकारी देते हुए बैठक में बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना में अब तक स्वीकृत 54 हजार 9 सौ कार्य पूर्ण हो गये। उन्होंने बताया कि जिले में नरेगा में 1 लाख 45 हजार 674 लेबर कार्य कर रहे है। उन्होंने बताया कि संासद योजना में 12 कार्य पूर्ण व 61 कार्य चल रहे है व 19 कार्य शुरू होने है व विधायक योजना के 53 कार्य पूर्ण व 153 कार्य प्रगतिरत व 3 कार्य शुरू नहीं हुए है।
बैठक में अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी विकास राजपुरोहित, अधीक्षण अभियंता भागीरथ विश्नोई, अधिशाषी अभियंता हरिराम फिड़ोदा, अखिल तायल, नरेश बोहरा, सहायक संाख्यिकी अधिकारी अशोक विश्नोई, पंचायत समितियों के विकास अधिकारी व अन्य अधिकारी उपस्थित थे।