सोजत में धूमधाम से निकली बीरबल-बादशाह की सवारी, गुलाल के उल्लास में सराबोर हुआ शहर
सोजत । नगर में मंगलवार को परंपरागत उल्लास और उमंग के साथ बीरबल-बादशाह की भव्य सवारी निकाली गई। सवारी के दौरान उड़ाए गए गुलाल से पूरा बाजार क्षेत्र रंगों से सराबोर हो गया और समूचा शहर होली के रंग में रंगा नजर आया। इस वर्ष यश मेहता ने बादशाह और अपूर्व गुलैछा ने बीरबल की भूमिका निभाकर परंपरा को जीवंत किया।
ढोल-नगाड़ों के साथ निकला कारवां
यह ऐतिहासिक सवारी स्थानीय सब्जी मंडी स्थित ओसवाल न्याती नोहरे से ढोल-नगाड़ों की गूंज के साथ रवाना हुई। शोभायात्रा सब्जी मंडी, महेश्वरियों का वास, हिमावतो का बास, धान मंडी, कोट का मोहल्ला, सिंघवियों का बास, आडा बाजार, नव चौकिया, मुनोतो का वास और भंडारियों का बास होते हुए पुनः ओसवाल न्याती नोहरे पहुंचकर विसर्जित हुई। मार्ग में जगह-जगह लोगों ने पुष्पवर्षा और गुलाल से सवारी का स्वागत किया।
कोट का मोहल्ला में हुई ‘खोल भराई’ की रस्म
सवारी के दौरान कोट का मोहल्ला में विशेष आयोजन हुआ। यहाँ व्यवस्था समिति के अध्यक्ष गौतम चंद्र मुनोत, मंत्री जगदीश सिंह गहलोत और कोषाध्यक्ष अमित राठी सहित जगदीश पाराशर, श्याम सुंदर शर्मा, श्याम पाराशर, उपेंद्र पाराशर, आलोक पाराशर, नमन पाराशर, पुलकित पाराशर, दीपक बांठिया और अशोक खरीवाल ने बीरबल-बादशाह की ‘खोल भराई’ की रस्म पूरे विधान के साथ संपन्न कराई।
प्रवासियों और गणमान्य नागरिकों की रही मौजूदगी
मेले के उत्साह को बढ़ाने के लिए स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ प्रवासी बंधु भी बड़ी संख्या में जुटे। कार्यक्रम में पदमचंद धोखा, ललित पगारिया, केवलचंद धोखा, विकास धोखा, गौतमचंद धोखा, सुरेश सुराणा, सुनील सुराणा, नवरतन गुंदेचा (हैदराबाद), ललित मेहता (मुम्बई), मंगलचंद मुणोत, शांतिलाल बाठियां (बेंगलुरु), बलवंत बलाई, अंकूर बलाई, सीपी धोका और महावीरचंद्र श्रीश्रीमाल सहित सैकड़ों समाजसेवियों और नागरिकों ने भाग लिया।
चाक-चौबंद रही सुरक्षा व्यवस्था
आयोजन के दौरान उमड़ी भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस प्रशासन की ओर से माकूल सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। प्रमुख चौराहों और संकरी गलियों में पुलिस बल तैनात रहा, जिससे कार्यक्रम बिना किसी व्यवधान के संपन्न हुआ। रंग, उमंग और लोक परंपरा के इस अनूठे संगम ने सोजत के माहौल को पूरी तरह होलीमय बना दिया।