माँ-बेटी मिलन का भावुक दृश्य देखकर हुए अभिभूत
जोधपुर के मुख्यमंत्री पुनर्वास संस्थान की पहल रंग लायी
जोधपुर। मुख्यमंत्री पुनर्वास गृह (मानसिक विमंदित) में सोमवार को उस समय भावुक क्षण उपस्थित हो उठा जब इसमें रह रही बेटी ने माँ से मिलन का सुकून पाया। झालामण्ड जोधपुर में संचालित इस पुनर्वास गृह में रह रही कंचन उर्फ संध्या के मूल गृह निवास का पता पाकर पुनर्वास गृह का संचालन कर रही पाली की संस्था ‘सिद्धार्थ बाल निकेतन समिति’ के श्री मनोहरलाल ने पहल की।
उन्होंने अपने व्यक्तिगत प्रयास करते हुए कंचन की माँ उत्तरप्रदेश के फैजाबाद की निवासी श्रीमती सुशीला श्रीवास्तव को संस्थान में बुलवाया। इसके लिए यात्रा का खर्च भी श्री मनोहरलाल द्वारा व्यय किया गया। इस तरह उनकी पहल रंग लायी और कंचन की माँ अपनी लाड़ली से मिलने जोधपुर आयी। यहाँ आने पर कंचन को पाकर उसकी माँ अत्यन्त भावविह्वल हो उठी। माँ-बेटी की इस भावपूर्ण मुलाकात का दृश्य सभी को रोमांचित कर गया। कंचन और उसकी मां सुशीला दोनों की आँखों में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के संयुक्त निदेशक श्री अनिल व्यास तथा संस्थान के संचालन श्री मनोहर मेघवाल के प्रति अपार कृतज्ञता के आँसू छलक उठे और माँ सुशीला ने इसके लिए दोनों को तहे दिल से धन्यवाद दिया।
इस भावुक क्षण के साक्षी रहने वालों में राज्य मंत्री डॉ. शंकर यादव तथा श्री ओमकार वर्मा, श्री धनपत गुर्जर पूर्व अध्यक्ष बाल कल्याण समिति एवं बाल कल्याण समिति के अन्य सदस्य भी अभिभूत हुए बिना नहीं रह सके।
डॉ. शंकर यादव ने संस्थान के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने अपनी बजट घोषणा में जिन उद्देश्यों से संस्थान स्थापित किए हैं, इस पर संस्थान खरे उतरते हुए लोक सेवा का आदर्श स्थापित कर रहे हैं। उन्होंने इस प्रकार के मानवीय सेवा कार्यों को निरन्तर जारी रखते हुए आगे बढ़ने का आह्वान किया।