जिला कलेक्टर ने ली राजस्व अधिकारियों की बैठक
जोधपुर। जिला कलेक्टर इन्द्रजीत सिंह ने जिले के राजस्व अधिकारियों को जन समस्याओं का तत्परता व संवेदनशीलता से निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की मंशानुरूप प्रत्येक अधिकारी अपने क्षेत्र में आमजन की सुनवाई करते हुए त्वरित निराकरण करने की मंशा से अधिकाधिक लोगों को लाभान्वित करें। जिला कलेक्टर ने कहा कि अवैध खनन को रोकने के लिए मिशन मोड में सख्त कार्यवाही कर अगली बैठक में रिर्पोट प्रस्तुत करें।
जिला कलेक्टर कलेक्ट्रेट सभागार में लगभग 4 घंटे चली राजस्व अधिकारियों की बैठक के अध्यक्ष के रूप में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि राजस्व अधिकारी शासन व प्रशासन की महत्वपूर्ण कड़ी है। वे अपनी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी को समझते हुए जनकल्याणकारी योजनाओ से जनता को लाभान्वित करने में अपनी सतत भूमिका निभाएं।
जिला कलेक्टर ने कहा कि सरकार की मंशा के अनुरूप सभी राजस्व अधिकारी राजस्व न्यायालयों में लम्बित राजस्व मुकदमों की नियमित सुनवाई कर आमजन को समय पर राहत प्रदान करवाये। उन्होंने अधिकारियों से राजस्व प्रकरणों का तुरन्त निस्तारित करने व नियमित रूप से कार्यालयों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने गैर खातेदारी से खातीदारी के प्रकरणों, सीमाज्ञान, पत्थरगढी के मामलों को जल्दी निस्तारित कर रिपोर्ट भिजवाने के निर्देश दिए। जिला कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों को नियमित रूप से विकास अधिकारियों, तहसीलदारों, पटवारियों के साथ बैठक आयोजित कर राजस्व से संबंधित पेन्डेसी का समय पर निस्तारण करने के निर्देश दिए। बैठक में जानकारी दी गई कि गत माह में उपखण्ड कार्यालय पीपाड़ शहर में 67, ओसियां में 62, लोहावट में 34, बालेसर में 46, फलौदी में 28 सहित अन्य उपखण्ड कार्यालयों में विभिन्न राजस्व प्रकरणों का निस्तारण किया गया। जिला कलेक्टर ने निर्देश दिए कि मूल निवास व जाति प्रमाण पत्रों आदि की पेन्डेन्सी समाप्त करें। जिससे आमजन के लिए इन प्रमाण पत्रों से जुडे विभिन्न कार्यो में परेशानी न हो।
जिला कलेक्टर ने निर्देश दिए कि समस्त उपखण्ड अधिकारी स्वयं के क्षेत्र से जुड़े ई मित्रों का नियमित निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। अनियमितता पाई जाने पर शास्ति लगाए जाने के साथ ही लाइसेंस रद्द करने की कार्यवाही करें। बैठक में चारागाह एवं सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण, धारा 183 बी, 177 व 175 के साथ भू संपरिवर्तन के लंबित प्रकरणों आदि पर विस्तृत चर्चा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए।
जिला कलेक्टर ने कहा कि अवैध खनन रोकने के लिए आर टी ओ, खनन विभाग व पुलिस प्रशासन सतत्, संयुक्त कार्यवाही करें। बैठक में जानकारी दी गई कि आर टी ओ द्वारा एक माह में बिना नम्बर प्लेट के करीब 49 वाहनों के चालान किए गए। खनन विभाग द्वारा 28 प्रकरण दर्ज हुए व दो एफ आई आर भी दर्ज की गई। इसी के साथ जेसीबी, टेलर, डम्पर आदि को सीज भी किए गए। जिला कलेक्टर ने निर्देश दिए कि मुख्य क्षेत्रों में धर्मकांटो का भी निरीक्षण जांच की जाएं। साथ ही बिना ढके ट्रकों आदि पर भी कार्यवाही करें। इनसे सडक़ पर चलने वाले अन्य वाहनों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि अगली बैठक से पूर्व सभी उपखण्ड अधिकारी अपने क्षेत्रों में अवैध खनन रोकने के लिए कड़े कदम उठाकर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। बैठक में एडीएम प्रथम मदनलाल नेहरा, एडीएम द्वितीय मुकेश कुमार कलाल, एडीएम तृतीय अंजुम ताहिर सम्मा सहित जिले के सभी उपखण्ड अधिकारी तथा तहसीलदार उपस्थित होकर विचार विमर्श किया।