भगवत कृपा से मिलता है मानव शरीर: महंत रामप्रसाद
जोधपुर। सूरसागर स्थित श्री बड़ा रामद्वारा में बरसी महोत्सव के अंतर्गत महंत रामप्रसाद ने अपने प्रवचन में कहा कि भगवत कृपा से मानव शरीर मिला है। इस नर नारायण देह को नशा व गंदा खान-पान करके इस देह को नष्ट नहीं करें।
उन्होंने कहा जीवन में हिंसा नहीं करनी चाहिए। सभी आचरण राम नाम में है, जीवन में कभी लालच में आकर लोभ नहीं करना चाहिए। सत्संग से ही व्यक्ति सद्मार्ग पर आता है तथा जीवन में साफ सफाई का ध्यान रखना चाहिए, स्वच्छता भी एक अच्छी आदत है।
बाल व्यास प्रशांत ने भक्त चरित्र नरसीजी के माध्यम से भगवान व भक्त नरसीजी का संवाद सुनाते हुए कहा जब जब भक्त पर विपदा आई, तब तब भगवान ने प्रकट होकर भक्त का काम संवारा। उन्होंने घाडोली का सुदर प्रसंग सुनाया। युवा संत रामभरोसे रामस्नेही ने पंचवाणी का पाठ करके भाव अर्पित किए।