बाली पंचायत समिति सभागार में मस्ती की पाठशाला कार्यशाला का आयोजन किया गया
सेवा भारती समाचार।
पाली। जिला प्रशासन, महिला अधिकारिता एवं शिक्षा विभाग के तत्वावधान में बुधवार को बाली पंचायत समिति सभागार में मस्ती की पाठशाला कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें बाली ब्लाॅक के हिंदी, अंग्रेजी व गणित के सौ से ज्यादा शिक्षक-शिक्षिकाओं ने हिस्सा लिया। कार्यशाला में बाली उपखंड अधिकारी श्रीनिधि बीटी ने कहा कि महिला शिक्षा से पूरा परिवार व समाज शिक्षित होता है। कुरीतियों के निवारण में महिला शिक्षा की प्रभावी भूमिका है। प्राथमिक शिक्षण से ही आत्मविश्वास विकसित होता है। आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षक ही छात्रों का सर्वांगीण विकास कर सकते हैं। मां बाप शिक्षित नहीं होते हैं। ऐसे में शिक्षकों का दायित्व बढ़ जाता है। समाजसेवी अनिल शाह ने मस्ती की पाठशाला अभियान की जानकारी दी और भामाशाहों को प्रेरित करने का आह्वान किया। महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक भागीरथ ने बताया कि कार्यशाला का आगाज बाली मुख्य ब्लाक शिक्षा अधिकारी टीमाराम मीणा ने किया और कहा कि मस्ती की पाठशाला सरकार का महत्वपूर्ण प्रयास है। यह शिक्षण औपचारिक न होकर बेटियों के सर्वांगीण विकास में सहायक सिद्ध होगा। बेटियों की झिझक मिटाकर उनमें आत्मविश्वास का संचार करना मस्ती की पाठशाला का उद्देश्य है। सोजत ब्लाक शिक्षा अधिकारी बसंत कुमार लखावत ने अंग्रेजी शिक्षण को प्रभावी बनाने के गुर सिखाए व कविताओं के माध्यम से अंग्रेजी वर्णमाला, संज्ञा, सर्वनाम, विशेषण व वाक्य निर्माण की सरलतम विधि बताई। उन्होंने कहा कि भाषा शिक्षण मुश्किल नहीं बनाना चाहिए। गणित शिक्षक भवानी शंकर जांगिड़ ने टीएमएल के जरिए भिन्न ज्ञान, स्थानीय मान, विभिन्न आकृतियों का परिमाप व क्षेत्रफल, अंक ज्ञान, लसप व मसप की विधि समझाई। हिंदी शिक्षक सुमेर सिंह मीना ने कविताओं के माध्यम से हिंदी वर्णमाला, संज्ञा, सर्वनाम, क्रिया व विशेषण के शिक्षण के गुर सिखाए। इस अवसर पर महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक भागीरथ ने कहा कि जिला प्रशासन के इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में सभी शिक्षकों को तन-मन से सहभागिता निभानी चाहिए। मस्ती की पाठशाला के तहत हिंदी, अंग्रेजी व गणित की पुस्तक का जल्द ही प्रकाशन करवाकर सभी शिक्षकों तक पहुंचाई जाएगी, ताकि विद्यालय खुलते ही बेटियों का सुचारू अध्ययन करवाया जा सके। कार्यशाला में बाली एसीबीओ दीपक व्यास, मेघराज परिहार, साहित्यकार प्रमोद श्रीमाली, कपिल शर्मा समेत ब्लाक के हिंदी, गणित व अंग्रेजी के सवा सौ के करीब शिक्षकों ने हिस्सा लिया।