जोधपुर रेल मंडल पर तेज गति से किया जा रहा रेल दोहरीकरण
फुलेरा से राई का बाग तक 254 किलोमीटर रेलखंड पर दोहरीकरण कार्य तेजी से करवाया जा रहा है
जोधपुर। भारतीय रेलवे यात्रियों को समय से पहुंचाने और ट्रेनों को समय पर चलाने के लिए बहुत तेजी से दोहरीकरण कर रहा है। उत्तर पश्चिम रेलवे के पश्चिम राजस्थान से संपर्क स्थापित करवाने वाले महत्वपूर्ण मार्ग फुलेरा.डेगाना.राई का बाग रेलखंड के दोहरीकरण कार्य लक्ष्यानुसार किया जा रहा है। फुलेरा.डेगाना.राई का बाग रेलखंड की कुल लम्बाई 254 किलोमीटर है तथा इस परियोजना की लागत 1510 करोड़ रुपए है।
मंडल रेल प्रबंधक सुश्री गीतिका पांडेय ने बताया कि जोधपुर मंडल में फुलेरा से राई का बाग स्टेशन तक 254 किलोमीटर रेलखंड पर दोहरीकरण का कार्य तेजी से कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि रेल दोहरीकरण पूरा होने के बाद ट्रेनों के संचालन समय में कमी आएगी तथा क्रॉसिंग में लगने वाले समय में बचत होगी साथ ही सवारी गाड़ियां समय पर अपने गंतव्य स्थल को पहुंचेगी तथा माल गाड़ियों का संचालन भी सुगम होगा और निर्धारित स्टेशन तक जल्दी पहुंच सकेगी। गौरतलब है कि खारिया खंगार से पीपाड़ रोड का सीआरएस निरीक्षण 21 जून हो चुका है जिसे स्पीड ट्रायल के बाद संचालन की अनुमति मिल गई है।
इन रेल खंडों पर पूरा हुआ दोहरीकरण का कार्य
डीआरएम ने बताया कि रेल विद्युतीकरण में बोरावड.मेड़ता रोड खंड 82.02 किमी का कार्य पूर्ण हो चुका है। द्वितीय खंड में मेड़ता रोड से खारिया खंगार 26 किमी तथा बोरावड़ से कुचामन सिटी तक 20 किमी व खारिया खंगार से पीपाड़ रोड 30 किमी में दोहरीकरण का कार्य पूरा हो चुका है। शेष 94 किमी रेल दोहरीकरण का कार्य चरणबद्ध तरीके से किया जा रहा है जिसमें कुचामन सिटी से फुलेरा 50 किमी और पीपाड़ से राई का बाग 44 किमी तक का शेष दोहरीकरण का कार्य किया जा रहा है।
डीआरएम ने बताया की दोहरीकरण कार्य पूरा हो जाने पर रेलसेवाओं में वृद्धि के साथ.साथ गति एवं समयपालनता भी बढ़ेगी। इस कार्य की सम्पूर्णता पर पश्चिमी राजस्थान में औद्योगिक विकास की सम्भावनाएं बढ़ेगी वही इस क्षेत्र के युवाओं को रोजगार के नये अवसर भी प्राप्त होंगे।