पश्चिमी राजस्थान में पहली बार फेम्टो लेसिक एवं फेम्टो कैटरेक्ट लेजर तकनीक की शुरुआत
ए एस जी नेत्र चिकित्सालय ने पूरे किए 20 वर्ष
जोधपुर। देश के अग्रणी नेत्र चिकित्सालय समूह ए एस जी आई हॉस्पिटल ने आज अपने 20 वर्ष सफलतापूर्वक पूर्ण किए। इस अवसर पर पश्चिमी राजस्थान में पहली बार फेम्टो लेसिक, फेम्टो कैटरेक्ट, फेम्टो-कॉन्टौरा एवं कैटालिस जैसी अत्याधुनिक लेजर तकनीकों की शुरुआत की गई। इस उपलक्ष्य में अस्पताल परिसर में एक प्रेस वार्ता का आयोजन किया गया।
एनएबीएच मान्यता प्राप्त ए एस जी आई हॉस्पिटल (क्वालिटी केयर बाय एम्स, नई दिल्ली) की यह आधुनिक तकनीक पूरी तरह पेनलेस सर्जरी और फास्ट रिकवरी सुनिश्चित करती है। ए एस जी जोधपुर पश्चिमी राजस्थान का पहला ऐसा अस्पताल बन गया है, जिसके पास इंट्रालेस फेम्टोसेकंड लेजर मशीन उपलब्ध है।
इस अत्याधुनिक मशीन की सहायता से फेम्टो लेजर कैटरेक्ट सर्जरी को बहुत ही सूक्ष्म एवं आधुनिक तरीके से किया जाता है। इसके माध्यम से चश्मा हटाने की सर्जरी भी अत्यधिक एक्यूरेसी के साथ संभव हो पाती है। इसके साथ ही यह मशीन कॉर्निया ट्रांसप्लांट में भी पूर्ण रूप से सहायक सिद्ध हो रही है।
सरल भाषा में कहा जाए तो यह मशीन ऐसी है, जिसके माध्यम से आंखों से जुड़ी लगभग आधी बीमारियों का इलाज सटीक और बेहतर परिणामों के साथ किया जा सकता है। ए एस जी नेत्र चिकित्सालय का उद्देश्य सदैव लोगों को उच्चतम तकनीक द्वारा श्रेष्ठ नेत्र चिकित्सा उपलब्ध कराना है, ताकि पश्चिमी राजस्थान के मरीजों को उन्नत उपचार के लिए जोधपुर से बाहर न जाना पड़े।
प्रेस वार्ता में डॉ. मयंक शर्मा, डॉ. प्रवीण जैन, डॉ. दीप्ती यादव, डॉ. यशोवर्धन सिंह सिवाच, डॉ. संजय मॉल, डॉ. वात्सल्या, डॉ. सुमीत, डॉ. अभीप्सा, डॉ. अजीत झाखड़, डॉ. सुम्मैया हसन सहित समस्त ए एस जी परिवार उपस्थित रहा।