क्रैश कोर्स कार्यक्रमों का फायदा पाली जिले के युवाओं को भी मिलेगा
पाली। कोविड़ 19 की चुनौतियों से निपटने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की और से कोविड़ योद्धाओं की स्किलिंग और अपस्किलिंग के लिए शुरू किए गए कस्टमाइजड क्रैश कोर्स कार्यक्रमों का फायदा पाली जिले के युवाओं को भी मिलेगा। वीडियो काॅन्फ्रेसिंग के माध्यम से आरंभ किए गए इन क्रैश कोर्स कार्यक्रमों के लिए जिला प्रशासन ने विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश प्रदान किए है।
जिला कलक्टर अंश दीप ने बताया कि एमएसडीई के इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में 26 राज्यों के 111 प्रशिक्षण संस्थानों का चयन किया गया है। इनमें नामांकित उम्मीदवारों के लिए स्टाइपेंड और बोर्डिंग एंड लाॅजिंग के साथ 3 महीने के आॅन द जाॅब प्रशिक्षण के साथ शाॅर्ट टर्म कस्टमाइज्ड क्रेश कोर्स उपलब्ध है। हेल्थकेयर सेक्टर को सपोर्ट करने के लिए कौशल विकास और उद्यमशीलता मंत्रालय (एमएसडीई) द्वारा विशेष रूप से चिकित्सकों व अन्य चिकित्सा कार्मिकों पर बढ़ रहे काम के बोझ को कम करने का प्रयास किया जाएगा। इन शार्टटर्म कार्यक्रमों और अप्रेन्टिसशिप के माध्यम से खतरनाक रसायनों और लिक्विड आॅक्सीजन (एलओएक्स) से निपटने के लिए 2500 ड्राइवरों का कौशल प्रशिक्षण आयोजित होगा। देशभर में 500 से अधिक जिलों में आॅक्सीजन प्लांटस में काम करने के लिए 20 हजार आईटीआई स्नातकों की पहचान की जा चुकी है।
प्रशिक्षण कार्यक्रमो के शुभारंम्भ कार्यक्रम में वर्चुअल प्रक्रिया से जिला कलेक्टर अंश दीप, जिला परिषद मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्वेता चैहान, श्रम विभाग के उप श्रम आयुक्त आशकरण, आईटीआई के प्राचार्य विक्रम सिंह मेहरा एवं कनिष्ठ अनुदेशक अनिल दत्त हर्ष, स्टेट एंगेजमेंट ऑफिसर एनएसडीसी मोहम्मद कलाम, जिला कौशल समन्वयक आरएसएलडीसी भुवनेश प्रसाद, शगुन गौर एवं जेआईटीएम के प्रशिक्षण प्रदाता सेन्टर मैनेजर अभिषेक निश्चल ने अपने कर्मचारियों एवं प्रशिक्षणार्थियो के साथ भाग लिया।