सुभाष चन्द्र बोस की जयन्ती पर याद किया उनके नशा मुक्त भारत का सपना
जोधपुर। मौलाना आजाद विश्वविद्यालय, जोधपुर में सुभाष चन्द्र बोस की जयन्ती पर 23 व 24 जनवरी को भारत नशा मुक्त रहे तथा इसके लिए सुभाष चंद्र बोस का देखा गया सपना साकार करने का संकल्प लिया गया । इस अवसर पर विश्वविद्यालय के सभी संकायों में कार्यशाला का आयोजन किया गया ।
विश्वविद्यालय के डीन एकेडेमिक्स डॉ. इमरान खान पठान ने बताया कि मादक द्रव्यों की रोकथाम हेत समय समय पर कौशल विकसित करने हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करते रहना चाहिए तथा सरकार द्वारा रोकथाम हेतु जारी नीतियां एव नियमों से अवगत कराना चाहिए ।
समन्वयक डॉ. निरंजन कुमार बोहरा के मार्गदर्शन व दिशा–निर्देश पर दो दिवसीय कार्यशाला, पोस्टर, भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया । फार्मेसी संकाय व नर्सिंग विभाग के डीन प्रोफसेर पीयूष शर्मा ने विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए बताया कि मादक द्रव्यों की रोकथाम हेतु हमें प्रभावी अनुसंधान आधारित कार्यक्रमों को समाज की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रचार व प्रसार करना चाहिए।
शिक्षा संकाय, के डीन डॉ. समीना व विज्ञान संकाय के विभागाध्यक्ष डॉ. मौहम्मद रईस ने सभी विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए बताया कि सरकार के आंकड़ों से पता चलता है जो व्यक्ति बहुत कम उम्र में शराब व तम्बाकू का सेवन शुरू कर देते है जिससे उनके दुरूपयोग की सम्भावना बढ़ जाती है और उसके पश्चात् उसे छोड़ना मुश्किल हो जाता है इसके लिए स्कूल व महाविद्यालय स्तर पर रोकथाम हेतु रणनितिया बनानी चाहिए । इस अवसर पर भाषण व पोस्टर प्रतियोगिता भी आयोजित की गई जिसके माध्यम से मादक द्रव्यों के दुष्प्रभावों को दर्शाया गया । पोस्टर प्रतियोगिता में नाजिया ने प्रथम स्थान प्राप्त किया तथा भाषण प्रतियोगिता में मौहम्मद वसिम ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इन प्रतियोगिताओं मे सिफा खान, बुशरा तसनीम, खिजरा खान, मौ. वसिम, फरहान खान, तमन्ना गोयल, व मौ. मुर्तजा ने सहभागिता निभाई । वाणिज्य संकाय के सहायक प्रोफेसर डॉ. अब्दुल्लाह खालिद ने नशा मुक्ति का प्रारम्भ पर अपनी पंक्तियां ‘नशे से नाता तोड़ेगे तभी परिवार से नाता जोड़ेगे’ तथा ‘नशे को हमें दूर भगाना है, खुशहाली को वापस लाना है।’ इन पंक्तियो के साथ नशे से होने वाले नुकसान से अवगत कराया। कम्प्यूटर व फिजियो थेरेपिस्ट व इंनिरियरिंग विभागाध्यक्ष मौहम्मद इसलाम, समृद्धि मैडम व राजूराम पटेल ने संयुक्त रूप से विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि मादक द्रव्यों के सेवन से हमारी लाइफ स्टाइल पर बहुत बुरा प्रभाव पड़ता है जिससे रोजगार व परिवार पर भी दुष्प्रभाव पड़ता है ।
इन कार्यक्रमों पर डॉ. इनाम ईलाही, डॉ. दीपक भण्डारी, श्री किशन लाल जी, डॉ. सीमा, रेशमा बानों, डॉ. मरजीना, मौहम्मद आसिफ; नाजनीन कुरैशी, डॉ.अशोक भार्गव व श्री विकास आदि सदस्य उपस्थित रहे ।