सन टू ह्यूमन फाउंडेशन शिविर के पहले दिन उमड़ा ऊर्जा का सैलाब

Gulam Mohammed, Editor, Seva Bharati News

रेलवे स्टेडियम में नए दृष्टिकोण वाले शिविर का आगाज

5 से 6 हजार की उम्मीद थी, करीब 8 हजार लोग पहुंचे

जोधपुर। सन टू ह्यूमन फाउंडेशन की ओर से रेलवे स्टेडियम में 2 से 7 जून तक होने वाले नए दृष्टिकोण वाले शिविर के पहले दिन ऊर्जा का सैलाब उमड़ पड़ा। आयोजकों को 5 से 6 हजार लोगों के पहुंचने की उम्मीद थी, लेकिन अपना स्वास्थ्य बेहतर करने के संकल्प के साथ बड़ी संख्या में जोधपुरवासी सवेरे चार बजे से ही स्टेडियम पहुंचने लगे। पहले दिन शिविरार्थियों को अपनी जड़ों को मजबूत करने के सूत्रों से अवगत कराया, साथ ही प्रभु सूर्यनारायण की अराधना के साथ अपनी प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने की तकनीक का अभ्यास कराया गया। स्टेडियम में शिविरार्थियों के बैठने व उनके अभ्यास के लिए बेहतरीन व्यवस्था का इंतजाम किया गया है। सवा दो घंटे चले पहले दिन के अभ्यास के बाद सभी ने अदृश्य नाश्ते का भी भरपूर आनन्द लिया।

मां मैत्रेयी (सागरिका मेहता) ने इतनी बड़ी संख्या में स्टेडियम में जुटे जोधपुरवासियों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि सभी जोधपुरवासियों के स्वास्थ्य बेहतर करने के फाउंडेशन के साधकों का प्रयास रंग लाता नजर रहा है। यही कारण है कि आज पहले दिन अपेक्षा से दुगुने लोग यहां पहुंचे और अंत तक अभ्यास में जुटे रहे। उन्होंने पहले दिन शिविरार्थियों को सही तरीके से खड़े होने होने, गहरी लम्बी सांस, नाभी झटका आदि कुछ प्रयोग करवाए। उन्होंने कहा कि मानव जीवन अनमोल है और हमें पेड़ों की तरह अपनी जड़ों को मजबूत बनाना होगा, ताकि हम हर मौसम में खुद को मजबूती से खड़ा रख सकें। हमारी जड़ें हमारे नाभीचक्र में है। हमें इसे जगाना है। इसके लिए हम शिविर के सभी छह दिन अभ्यास करेंगे, जिसे सभी शिविरार्थियों को बाद के जीवन में भी अपनाना है। परम आलय जी के सान्निध्य में विकसित हुए साधक शून्य जी व उनकी पूरी टीम ने शिविर के दौरान सभी शिविरार्थियों का समय- समय पर मार्गदर्शन करते रहे।

इस छह दिवसीय शिविर के दौरान 4 से 6 जून तक तीन दिन करीब डेढ़ घंटे के शाम के सत्र भी होंगे। उल्लेखनीय है कि इस दौरान फाउंडेशन के प्रणेता परम आलय जी व उनके निर्देशन में तैयार साधक- साधिकाओं के मार्गदर्शन में शिविरार्थियों को सम्यक आहार, सम्यक व्यायाम एवं सम्यक ध्यान के यूनिवर्सल लॉ पर आधारित सूत्र बताए जाएंगे एवं प्रयोग कराए जाएंगे। मन व तन को शक्तिशाली बनाने के लिए परम आलय जी स्वयं छह सत्र लेंगे तथा शिविर के दौरान ही ब्रेन शक्तियों को जगाने एवं मन- विचार, विश्वास और चेतन शक्तियों को जगाने पर काम होगा। शिविर में छोटे-छोटे प्रयोग से डायबिटीज, बीपी, थायराइड, अर्थराइटिस, माइग्रेन, हृदय रोग, डिप्रेशन आदि बीमारियों को दूर करने के उपायों से अवगत कराया जाएगा। प्रतिदिन सभी शिविरार्थियों के लिए 20 से 25 आइटम वाले अदृश्य नाश्ते का प्रबंध किया गया है। शिविर स्थल पर पहुंचने के लिए प्रवेश कार्ड की अनिवार्यता रहेगी।

आयोजन समिति के आग्रह पर पहले दिन सभी शिविरार्थी थाली, गिलास, चाकू, चम्मच, कटोरी और प्लेट साफ करने के लिए टिशू पेपर, 2X2 का आसन, पानी की बोतल व नैपकिन आदि लेकर पहुंचे। शिविरार्थियों ने अनुशासन का भी बेहतरीन प्रदर्शन किया। आयोजकों की सूझबूझ व अधिक लोगों की व्यवस्था किए जाने से अंत तक किसी को किसी तरह की दिक्कत नहीं हुआ।

Show More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button