या तो अपराधी राजस्थान में जेल में होंगे, अन्यथा राजस्थान छोड़कर चले जाएं : शेखावत
केंद्रीय जलशक्ति मंत्री की दो टूक, बोले- गोगामेड़ी जी की हत्या के मामले में पुलिस निष्पक्ष और त्वरित जांच करे
जोधपुर/नई दिल्ली। केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या के मामले में पुलिस निष्पक्ष और त्वरित जांच करे। उन्होंने दो टूक कहा कि या तो अपराधी राजस्थान में जेल में होंगे या राजस्थान छोड़कर बाहर चले जाएं।
मंगलवार रात प्रेस कॉन्फ्रेंस कर शेखावत ने कहा कि कांग्रेस सरकार के पूरे 5 साल के कालखंड में राजस्थान में लॉ एंड ऑर्डर सिचुएशन एक बहुत बड़ा मुद्दा थी। हमने निरंतर 5 साल तक चीख-चीखकर कहा था कि सरकार के नुमाइंदों की सरपरस्ती में माफिया और गैंगस्टर दिन-दहाड़े लोगों की हत्याएं करते हैं। एक बार फिर जाती हुई सरकार ने अपनी अकर्मण्यता से एक और जघन्य हत्या को होते देखा है। उन्होंने कहा कि अपने ऊपर खतरे को देखते हुए गोगामेड़ी जी ने डीजी और कमिश्नर के स्तर पर सुरक्षा प्रदान करने की गुहार लगाई थी। जिस तरह से सरकार कन्हैयालाल टेलर को बार-बार गुहार लगाने के बाद भी सुरक्षा नहीं दे पाई, एक बार फिर पुलिस की विफलता और सरकार की अकर्मण्यता साबित हुई। हत्यारों ने दिन-दहाड़े आकर धोखे से गोगामेड़ी जी, जो हिंदुत्व की आवाज थे, उनकी दुर्दांत हत्या को अंजाम दिया।
शेखावत ने कहा कि जैसे ही गोगोमेड़ी जी की हत्या की सूचना आई, मैंने पुलिस कमिश्नर जयपुर से बातकर कहा कि सही जांच हो, जांच में लीपापोती न की जाए। उन्होंने साफ कहा कि जिस तरह से पुलिस घटना को एक ट्विस्ट देकर, नवीन सिंह शेखावत के नाम को, जिसको एक शैडो और टूल के रूप में इस्तेमाल किया गया था, अभियुक्त बताने का काम कर रही थी। मैंने पुलिस अधिकारियों से कठोर शब्दों में कहा कि इस तरह के ट्विस्ट देने का काम पुलिस न करे, सही जांच करे। हत्यारों को तुरंत गिरफ्तार करे। साथ में किसकी अकर्मण्यता के चलते या किसकी मिलीभगत के चलते गोगोमेड़ी जी को सिक्योरिटी क्यों नहीं प्रदान की गई थी, इस बात की जांच होकर दोषी व्यक्ति के खिलाफ भी समान धाराओं में कार्रवाई हो, इसको सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि मेरे संज्ञान में आया है कि जनप्रतिनिधियों को भी इस तरह की धमकियां मिली हैं। नए चुने विधायक मनोज सिंह न्यांगली जी को बार-बार आग्रह के बावजूद सुरक्षा नहीं दी गई थी, लेकिन अब महानिदेशक पुलिस ने बताया कि न्यांगली जी को स्वचालित हथियारों के साथ सुरक्षा कर्मी उपलब्ध करा दिए हैं। शेखावत ने कहा कि प्रश्न यह उठता है कि इतने दिन तक क्यों सुरक्षा प्रदान नहीं गई ? तुरंत इसकी जांच हो। सही तरह से कार्रवाई हो। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि गोगामेड़ी जी के जिन साथियों, सहयोगियों, प्रशंसकों और समाज के लोगों के दिल को ठेस पहुंची है, मैं जानता हूं कि उनका आक्रोश स्वाभाविक है। वो संयम बनाए रखें और परमात्मा उनको संबल प्रदान करें।
शेखावत ने कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण है कि जेलों में बैठे अपराधी जेलों के माध्यम से अपना नेटवर्क चला रहे हैं। ऐसा मैं पूरी जिम्मेदारी के साथ में कह सकता हूं कि यह जेल और पुलिसकर्मियों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं है। यह लोग बैठकर इस तरह के ऑपरेशंस कर रहे हैं। देश से बाहर बैठकर भी ऑपरेशन कर रहे हैं। अभी गृहमंत्री अमित शाह जी के नेतृत्व में दिल्ली पुलिस ने ऐसी कार्रवाई करते हुए देश के बाहर अनेक जगहों से ऐसे दुर्दांत अपराधियों को भारत लाकर सजा दिलाने के लिए काम किया है। राजस्थान की नई बनने वाली सरकार देश की सरकार और देश के गृह मंत्रालय के साथ मिलकर ऐसे सारे अपराधी, चाहें वो दुनिया के किसी भी कोने पर बैठे हों, धरती के किसी भी कोने में हों, उनको लाकर सजा दिलाना सुनिश्चित करेगी।
संयम बनाए रखें युवा साथी
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि राज्य में हो रहे विरोध प्रदर्शन एक स्वाभाविक प्रतिक्रिया है। मैं सारे युवा साथियों से कहना चाहता हूं कि मैं आप सबके दुःख में सहभागी हूं। मैं आप सबके दुःख में शरीक हूं, लेकिन हम किसी भी तरह से कानून को अपने हाथ में ना लें। हम विरोध प्रदर्शन करें, प्रशासन पर दबाव बनाएं, यहां तक सब जायज है, लेकिन कानून हाथ में न लें, संयम बनाए रखें। ऐसा मेरा सभी युवा साथियों और छोटे भाइयों से अनुरोध है।