केंद्र द्वारा बकाया डीए एवं एरियर के साथ छेड़छाड़ करने पर होगा संघर्ष
सिरोही । राजस्थान शिक्षक संघ (प्रगतिशील) के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष धर्मेन्द्र गहलोत के नेतृत्व में प्रतिनिधि मण्डल ने राजस्थान के राज्यपाल कलराज मिश्र के नाम जिला कलेक्टर भगवती प्रसाद कलाल को ज्ञापन देकर केन्द्र सरकार द्वारा देश भर के केन्द्रीय एवं राज्य कर्मचारियों तथा पेन्शनर्स के डीए को 18 माह तक फ्रीज करने के फैसले पर कडा एतराज जताकर रोके गये समस्त डीए के एरियर का भुगतान करते हुए जुलाई माह में एकमुश्त रोकी गई तीनो किश्तों को देने की मांग की। संघ (प्रगतिशील) के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष गहलोत ने ज्ञापन में लिखा हैं कि केन्द्र सरकार द्वारा महामारी के मद्देनजर माह जनवरी 2020 से जून 2021 तक करीब 10 से 12 फीसदी डीए को फ्रीज कर प्रति कर्मचारी 50 हजार रू. हजम करने से समस्त कर्मचारियों एवं पेन्शनर्स के अरबों रूपये को डकारने से कर्मचारियों में केन्द्र सरकार के प्रति गहरी नाराजगी देखी जा रही हैं। जो सरकार अपने कार्मिकों के वेतनभत्तों के भुगतान के प्रति सचेत नहीं रही इतिहास गवाह हैं सरकारी कर्मचारी की भी संवेदनशीलता टूट जाती हैं जिसका सीधा असर सरकार की स्थिरता पर पडता हैं। जबकि राज्य की गहलोत सरकार की संवेदनशीलता के चलते राज्य कर्मचारियों को मार्च 2020 के आधे माह का डेफर किये गये वेतन को मार्च 2021 में ही रिलिज कर कर्मचारियों को राहत दी गई थी। लेकिन बडे दुर्भाग्य की बात हैं कि केन्द्र सरकार ने देश के समस्त फ्रंटलाईन वर्कर्स के 18 माह का डीए फ्रीज कर प्रत्येक कर्मचारी की जैब से हजारों रूपये का डाका डालकर आर्थिक एवं मानसिक रूप से प्रताडित किया। गहलोत ने स्पष्ट किया कि 26 जून को केन्द्र सरकार के मंत्री मण्डल की केबिनेट बैठक में उक्त डीए के संदर्भ में निर्णय किया जाना हैं। यदि कर्मचारियों के साथ किसी भी प्रकार का तीनों महंगाई भत्ते एवं एरियर के साथ छेडछाड होने की स्थिति में संगठन आर-पार संघर्ष करेगा। प्रतिनिधि मण्डल में जिलाध्यक्ष विक्रमसिंह सोलंकी, जिला मंत्री इनामुल हक कुरैशी, उपशाखा सिरोही मंत्री इन्दरमल खण्डेलवाल , उपाध्यक्ष भगवत सिंह देवडा , धर्मेंद्र खत्री , नरेन्द्र रांगी , राजेश कोठारी , भंवर सिंह दिया , ललित देववंशी , जलालुद्दीन शामिल थे ।