विद्युत उपभोक्ताओं को राहत पहुंचाने के निर्देश
सेवा भारती समाचार
जोधपुर। जोधपुर डिस्कॉम के प्रबंध निदेशक अविनाश सिंघवी ने लॉक डाउन की विषम परिस्थितियों में विद्युत उपभोक्ताओं को राहत पहुुंचाने के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा लिए गए निर्णयों की पालना के डिस्कॉम अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि लॉक डाउन के तहत आपातकालीन सेवाओं को सुचारू बनाए रखने के लिए विद्युत वितरण निगम जोधपुर 24 घंटे सेवारत है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा उपभोक्ताओं के लिए जो निर्णय लिए गए उनकी शत प्रतिशत पालना के निर्देश दिए गए हैं। प्रबंध निदेशक ने कहा कि कोरोना के संक्रमण के खतरे को देखते हुए कर्मचारियों को मीटर रीडिंग के लिए भेजा जाना संभव नहीं है, माह अप्रैल में सभी उपभोक्ताओं को औसत के आधार पर प्रोविजनल बिल जारी किए जा रहे हैं। बिल राशि का समायोजन मीटर रीडिंग उपलब्ध होने पर कर दिया जाएगा।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि कृषि उपभोक्ताओं के मार्च में जारी बिल अप्रैल व मई में जारी होने वाले बिल की राशि का भुगतान 31 मई 0 तक स्थाई किया गया है। 31 मई तक भुगतान न करने पर कोई विलम्ब शुल्क नहीं लगेगा, न कनेक्शन काटा जाएगा।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि घरेलू श्रेणी के 150 यूनिट माह तक उपभोग करने वाले उपभोक्ताओं के उपयोग माह मार्च-अप्रैल के बिल जो क्रमशरू अप्रैल व मई माह में जारी होंगे उनकी राशि का भुगतान 31 मई तक स्थगित रहेगा। अवधि के बिलों की राशि 31 मई तक का भुगतान न करने पर कोई विलम्ब शुल्क नहीं लगेगा न ही कनेक्शन कटेगा। उन्होंने बताया कि 150 यूनिट माह में अधिक उपभोग वाले उपभोक्ताओं के बिल की राशि में यह छूट नहीं होगी।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि लॉकडाउन से मुक्त औद्योगिक व व्यावसायिक (अघरेलू) प्रतिष्ठानों को छोडक़र शेष सभी औद्योगिक व्यावसायिक (अघरेलू) प्रतिष्ठानों के बिल में स्थाई शुल्क की राशि का भुगतान लॉकडाउन अवधि के अनुपात में 31 मई तक स्थगित रहेगा। यह स्थगित (डेफर्ड) की राशि बिल में अंकित तो होगी, परंतु देय राशि में शामिल नहीं होगी।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि कृषि व अघरेलू उपभोक्ता द्वारा माह अप्रैल व मई के बिलों की जितनी राशि का भुगतान माह अप्रैल व मई में जमा करवाया जाएगा उतनी राशि पर 5 प्रतिशत छुट आगामी माह के बिल में समायोजित हो जाएगी।
प्रबंध निदेशक ने बताया कि एमनेस्टी योजना में कृषि व घरेलू उपभोक्ता जिनमें कनेक्शन 31 मार्च 2019 से पूर्व कटे हुए हैं, उनके लिए एमनेस्टी योजना 30 जून तक बढ़ा दी गई है। ऐसे उपभोक्ता बिना ब्याज व बिना विलंब शुल्क मूल राशि ऑनलाइन नेट बैंकिग, पेटीएम, अमेजन-पे, जेडीवीवीएनएल कंजूमर एप, बिल डेस्क आदि द्वारा जमा करा सकते हैं या भुगतान योग्य राशि सहायक अभियंता कार्यालय में भी जमा करवा सकते हैं।
उपभोक्ताओं को यह सुविधा
प्रबंध निदेशक ने बताया कि विद्युत कर्मचारियों द्वारा मीटर पठन व वितरण के लिए लॉकडाउन के चलते उपभोक्ता के यहां जाना संभव नहीं हो सकेगा। इससे बिल औसत के आधार पर बना कर ऑनलाइन, एसएमएस से भेजे जाएंगे, जबकि प्रिंटेड प्रति संबंधित एईएन कार्यालय में उपलब्ध रहेगा या निकटतम सब स्टेशन पर रखवा दिए जायेंगे। उन्होंने बताया कि उपभोक्ता को विकल्प होगा कि वह अपने मीटर की फोटो मय नंबर खींच कर अपने जोन के संबंधित वरिष्ठ लेखाधिकारी को ई-मेल आईडी या मोबाइल नंबर पर भेजना चाहे तो बिल मीटर रीडिंग के आधार पर बन या ठीक कर भेज दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि जोधपुर जोन ई-मेल मोबाइल नं. 9413359094, बाड़मेर जोन ई-मेल व मोबाइल नं. 9414031579 व बीकानेर जोन ई मेल व मोबाइल नं. 9413359539 पर भेज सकते है। उन्होंने बताया कि उपभोक्ता गुगल प्ले स्टोर से एड्राइंड, एप्पल मोबाइल फोन या कम्प्यूटर पर जेडीवीवीएनएल कंजूमर एप डाउनलोड कर बिल देख सकते हैं। डुप्लीकेट कॉपी निकाल सकते हैं। बिल का भुगतान कर सकते है।
उन्होंने बताया कि उपभोक्ता जिनके फोन नंबर, ईमेल आईडी विद्युत निगम में रजिस्टर्ड है उन्हें एसएमएस, ईमेल भी भेजा जाएगा। जिसमें बिल की राशि से संबंधित जानकारी उपलब्ध होगी। उपभोक्ता सेवा केंद्र टोल फ्री नं. 18001806045 या 1920 या 0291-2741912 पर कॉल करके भी अपने बिल की राशि जान सकते हैं व किसी प्रकार की विद्युत संबंधी शिकायत कर सकता है। उपभोक्ता अपने मोबाइल नंबर एवं ईमेल आईडी पर अपडेट कर सकते हैं व उक्त लिंक पर ईमेल पर आईडी व मोबाइल नंबर होने पर बिल से संबंधित जानकारी ई-मेल व मोबाइल पर भेज दी जाएगी।