लाचु कॉलेज पीड़ित कर्मचारियों का प्रदर्शन 18वे दिन भी जारी
जोधपुर।लाचू कॉलेज कर्मचारी संघर्ष समिति के तत्वाधान में बैठे पीड़ित कर्मचारी लगातार 18 वे दिन भी शांतिपूर्ण अनशन पर बैठे हुए हैं। कॉलेज प्रबंधन व प्रशासन की तानाशाही व हठधर्मिता लगातार जारी है। अपनी जायज मांगो के लिए धरने पर बैठे 29 कर्मचारियों को कॉलेज प्रशासन ने जबरन अनिवार्य सेवानिवृत्ति तथा उनके साथ समर्थन मे आये 4 अन्य कर्मचारियों को निलंबित दिनांक 13 सितम्बर 2023 को कर दिया। इस कृत्य से पीडित कर्मचारीयो व उन पर आश्रित परिवार के सभी सदस्यों का एक तरह से मानसिक व आर्थिक शोषण हो गया है साथ ही उनका भविष्य अंधकारमय हो गया है।
कॉलेज प्रशासन द्वारा दिनांक 13/09/2023 से शिक्षण कार्य ऑनलाइन माध्यम से कर दिया है जो आज दिन तक जारी है। इससे कॉलेज के छात्रों के शिक्षण कार्यों पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। कॉलेज प्रशासन की हठधर्मिता के कारण छात्र व उनके अभिभावक अचंभित तथा ठगा हुआ महसूस कर रहे है। आज कर्मचारी महासंघ, जोधपुर के जिला अध्यक्ष श्री शंभू सिंह जी मेड्तिया ने धरना स्थल पर पधार कर पीड़ित कर्मचारियों का मार्गदर्शन व उत्साहवर्धन किया तथा हमारी आवाज़ मुख्यमंत्री जी तक पहुचाने का आश्वासन दिया।
आज CITU व SFI के कार्यकर्ता एवं अधिवक्ता श्री किशन जी मेघवाल ने आव्हान किया की संगठन मे ही शक्ति है। उन्होने अपने जोशीले भाषण से कर्मचारियों मे जोश जगाया तथा अन्य साथी कर्मचारियों को अन्याय के विरुद्ध आवाज़ उठाने के प्रेरित किया। साथ ही जिला महामंत्री CITU व अन्य संघो को हमारी जायज मांगो के लिए समर्थन देने की अपील की।
लाचू कॉलेज के फार्मसी संकाय के पूर्व निदेशक प्रो. (डॉ.) बी. पी. नागोरी पीड़ित कर्मचारियों के बीच आये तथा समस्याओ को सुना तथा कहा कि जब अन्याय का घड़ा भर जाता है तो उसका अंत निश्चित है, बस एक चिंगारी लगाने कि देर होती है कारवां अपने आप अपनी विजयी पाठ कि और अग्रसर हो जाता है। हाइफा हीरो मेजर दलपत सिंह शेखावत के 105 वे शहादत दिवस पर पीड़ित कर्मचारियों ने उनकी प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित की।
पीड़ित कर्मचारियों ने माननीय मुख्यमंत्री महोदय व राज्य सरकार से 4 कर्मचारियों के निलंबन तथा 29 कर्मचारियों के अनिवार्य सेवानिवृत्ति के आदेश पर तुरंत प्रभाव से रोक लगाने तथा कॉलेज में व्याप्त वेतन विसंगतियों का निस्तारण हेतु कॉलेज के विगत 12-15 वर्षों के लेखो की सघन जांच करने हेतु कॉलेज की सञ्चालन समिती को भंग कर कॉलेज में सरकारी प्रशासक नियुक्त करने की मांग की। यदि हमारी आवाज़ को नहीं सुना गया तो दिनांक 26/09/2023 से आंदोलन को बढ़ाया जाएगा।