आशावादी विचारों के लिए मेडिटेशन जरूरी: राठौड़
- रोटरी क्लब ऑफ जोधपुर मिड टाउन के रणनीतिकार ने बढ़ाया सदस्यों का हौसला
सेवा भारती समाचार
जोधपुर। कोविड-19 ने पूरी दुनिया को बदल के रख दिया है। विशेषज्ञों का दावा है कि यह बदलाव निश्चित प्रकार के होंगे जिनको आने वाले समय में बदला नहीं जा सकेगा। हालांकि बदलाव आसानी से नहीं आते हैं। अनिश्चितताएं अपरिहार्य है और ऐसे में धैर्य से सोचने समझने की आवश्यकता है। यह विचार रोटरी क्लब ऑफ जोधपुर मिड टाउन के निर्णायक रणनीतिकार भूपेंद्रसिंह राठौड़ ने व्यक्त किए। वे रोटरी क्लब जोधपुर मिडटाउन के सदस्यों तथा रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3053 के अनेक सदस्यों के लिए आयोजित ऑनलाइन सत्र को संबोधित कर रहे थे। रोटेरियनस को कठिन समय का सामना करने, उत्साह बढ़ाने व सामाजिक कार्यो में संलग्न करने के लिए आयोजित सत्र में राठौड़ ने कहा कि वर्तमान समय में आशावादी विचारों के लिए मेडिटेशन बहुत जरूरी है। इस समय को नकारात्मक रूप से न देखकर सकारात्मक रूप से देखना चाहिए और इसे एक मौका मानना चाहिए, जिसमें कुछ नया करने का की कोशिश से एक नया इतिहास लिख जा सके। उन्होंने ऐसे कई उदाहरण देकर बताया कि कैसे विश्व के सफल लोगों ने मुश्किल समय में कुछ नया करके एक नया इतिहास रचा है। इससे पूर्व क्लब अध्यक्ष पुनीत राव ने भूपेंद्र सिंह राठौड़ का परिचय दिया। पूर्व प्रांतपाल प्रियेश भंडारी ने उनका स्वागत किया। प्रांतपाल हरीश गौड़ ने कहा कि समय की आवश्यकता को देखते हुए ऐसे आयोजन जरूरी है। रोटरी क्लब ऑफ जोधपुर मिडटाउन के सचिव डॉ. बलवीरसिंह शेखावत ने आभार जताया। सत्र में रोटरी क्लब जोधपुर मिडटाउन के प्रथम अध्यक्ष दीपक सिंह गहलोत, पूर्व प्रांतपाल अनिल बेनीवाल, कोषाध्यक्ष ललित गर्ग व पूर्व अध्यक्ष सोनू भार्गव सहित शहर के अन्य क्लब के पदाधिकारियों ने भी सत्र में भाग लेकर इसकी मतहता जताई व सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के सत्र से जीवन में उमंग और उत्साह का संचार होता है तथा व्यक्ति निरसता त्याग कर पुन: सकारत्मक उर्जा से जीवन में जुट जाता है।